Adhunik Kavya Men Fantasi Ki Prasangikta / आधुनिक काव्य में फन्तासी की प्रासंगिकता
Author
: Chhote Lal Dikshit
Language
: Hindi
Book Type
: Reference Book
Publication Year
: 1993
ISBN
: 8171241166
Binding Type
: Hard Bound
Bibliography
: vi + 62 Pages, Size : Demy i.e. 22 x 14 Cm.

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हिन्दी समीक्षा या शोध के क्षेत्र में ऐसा कोई कार्य अभी तक नहीं हुआ है जिसमें फन्तासी को केन्द्र में रखकर किसी साहित्यिक विधा का विश्लेषण किया गया हो या फन्तासी के आधार पर युग विशेष की कविता का विवेचन हुआ हो, अथवा फन्तासी को केन्द्र में रखकर किसी कवि की कविताओं की समीक्षा की गई हो। हिन्दी में ऐसी भी कोई स्वतन्त्र रचना नहीं है जिसमें फन्तासी की रचना के मनोवैज्ञानिक आधार को स्पष्टï करते हुए उसकी उपयोगिता का विश्लेषण किया गया हो। 'आधुनिक काव्य में फन्तासी की प्रासंगिकताÓ पुस्तक के द्वारा हिन्दी समीक्षा की इसी कमी को पूरा करने का विनम्र प्रयास किया गया है। निश्चय ही यह रचना फन्तासी पर शोध करने की प्रेरणा देगी और भविष्य में इस दिशा में महत्त्वपूर्ण कार्य सम्पन्न होंगे। अनुक्रम : 1. फैण्टसी की सर्जना और मानव मन की विविध भूमियाँ, 2. कल्पना और फैण्टसी : श्रेष्ठïता की होड़, 3. आधुनिक साहित्य में यथार्थ और फन्तासी, 4. फैण्टसी : प्रयोग का ऐतिहासिक परिप्रेक्ष्य, 5. मुक्तिबोध की कविताएँ : फन्तासी में झाँकती जटिल संवेदनाएँ, 6. समकालीन कविता और फैण्टसी, 7. फैण्टसी की प्रासंगिकता का प्रश्न और आज की कविता।