Kalpataru Kee Utsavaleele : Ramkrishna Paramhansa (Contexts of Life) / कल्पतरु की उत्सव लीला : रामकृष्ण परमहंस
Author
: Krishna Bihari Mishra
Language
: Hindi
Book Type
: General Book
Category
: Bio/Auto-Biographies - Spiritual Personalities
Publication Year
: 2017- 5th Edition
ISBN
: 8126310170
Binding Type
: Hard Bound
Bibliography
: 600 Pages, Size : Demy i.e. 22.5 x 14 Cm.

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अनुशीलन और ललित निबन्ध के क्षेत्र में विशिष्ट अवदान के लिए प्रतिष्ठित डॉ. कृष्णबिहारी मिश्र की यह कृति उनके लेखन में नया प्रस्थान है; संवदेना और शिल्प की एक नयी मुद्रा। शोध लालित्य का एक अनुपम समन्वय। श्री रामकृष्ण परमहंस के जीवन-प्रसंग पर केन्द्रित, अब तक प्रकाशित साहित्य से सर्वथा भिन्न यह प्रस्तुति अपनी सहजता और लालित्य में विशिष्टï है। श्री रामकृष्ण नवजागरण के सांस्कृतिक नायकों के बीच अद्वितीय थे। उनके सहज आचरण और ग्राम्य बोली-बानी से जनमेंं प्रकाश का लोकमानस पर जितना गहरा प्रभाव पड़ा है उतना बौद्धिक संस्कृति-नायकों की पण्डिताई का नहीं। पण्डितों की शक्ति और थी, पोथी-विद्या को अपर्याप्त माननेवाले श्री रामकृष्ण की शक्ति और। एक तरफ तर्क और वाद था; दूसरी ओर वादनिषेध की आकर्षक साधना थी। सम्प्रदायसहिष्णुता दैवी विभूति के रूप में श्रीकृष्ण के व्यक्तित्व मेंं मूर्त हुई थी, जिसे विश्व-मानव के लिए 'विधायक विकल्प' के रूप में, कृष्णबिहारी मिश्र ने ऐसी जीवन्तता के साथ रचा है कि उन्नीसवीं शती का पूरा परिदृश्य और परमहंस देव का प्रकाशपूर्ण रोचक व्यक्तित्व सजीव हो उठा है। ज्ञानपीठ आश्वस्त है, नितान्त अभिनव शिल्प में रचित यह कृति, उपभोक्ता सभ्यता के आघात से कम्पित समय में, प्रासंगिक मानी जाएगी।